कविता – इतिहास से

अहिंसा सीखी अशोक से,
समर्पण सीखा पन्ना दाय से
चंद्रगुप्त कैसे राजा बने,
चाणक्य के प्रयास से,
ये सब सीखा इतिहास से
महानता सीखी शिवाजी से,
साहस सीखा प्रताप से
लछमीबाई कैसे लड़ी,अंग्रेजों से,
स्वतंत्रता की आस सें
ये सब सीखा इतिहास से
भगत सिंह ले बलिदान सीखा,
चन्दशेखर से आत्मसम्मान सीखा,
अंग्रेज कैसे पिघले गांधी के उपवास से,
ये सब सीखा इतिहास से!

“पलायन”

पलायन नहीं किसी समस्या का समाधान,
इससे समस्या मुश्किल होती
न होती आसान,
क्यों चुनें हम वो रास्ता,
जो भगोड़ा हमें बना दें,
क्यों चलें हम उस राह पर,
जो राह से ही भटका दें,
वीरों की गाथा कहती है,
लछय जब तक न पाओं,
रण तब तक मत छोड़ों,
पलायन कोई रास्ता नहीं,
कायरता की ओर मुख मत मोंड़ों!

लेखिका – अंकिता जैन
473331(म. प्र )

0 0 vote
Article Rating
Subscribe
Notify of
0 Comments
Inline Feedbacks
View all comments
0
Would love your thoughts, please comment.x
()
x