कौशल्या सेवा फाउंडेशन का उद्देश्य : बेहतर कल के लिए सेवा..!

 

                कैप्टन  जय शंकर झा
फाउंडर प्रेसिडेंट
कौशल्या सेवा फाउंडेशन

               नेहा जय शंकर झा
                  फाउंडर निदेशक
            कौशल्या सेवा फाउंडेशन

 

सच की दस्तक राष्ट्रीय मासिक पत्रिका वाराणसी उत्तर प्रदेश से कौशल्या सेवा फाउंडेशन के फाऊंडर कैप्टन जय शंकर झा और फाउंडर निदेशक नेहा जय शंकर झा दोनों से हुई बातचीत में उन्होंने बताया कि वह अपना विश्व ख्याति प्राप्त फाऊंडेशन को किसी धन या किसी खास फायदे के लिए नहीं बल्कि निःस्वार्थ भाव से मानव ,पशु-पक्षियों ,प्रकृति की सेवा में समर्पित गैर लाभकारी संगठन कौशल्यासेवा फाउंडेशन अपने डगर पर चल रहा है जिसका सिर्फ एक ही उद्देश्य है…

बेहतर कल के लिए सेवा..!

सेवा भाव जब मनुष्य में जागृत हो जाता है तो वह उस मौके की तलााश में रहता है और हमेशा सेवा करने को तत्पर भी ..चाहे वह माता पिता की हो, मानव की हो,पशु पक्षियों की हो,पेड़ पौधों की हो,या सम्पूर्ण प्रकृति की हो ।

निश्छल प्रेम से सेवाभाव में समर्पित कौशल्यासेवा फाउंडेशन के संस्थापक अध्यक्ष कैप्टन जय शंकर झा ने COVID-19 कोरोना महामारी के संक्रमण से बचाव के लिए सोशल मीडिया के माध्यम से जनजागरूकता अभियान युद्ध स्तर पर छेड़ रखा हैं ,भारत ही नही विश्व के लोग भी इनसे जुड़े हुए हैं। साथ-साथ इस जनकल्याणकारी अभियान के योद्धाओं ,समाज सेवकों को प्रशंसा प्रमाण पत्र देकर हौसला अफजाई कर एक अनोखी पहल को भी जन्म दिया व उसका विस्तार किया है।

मोटीवेशनल स्पीकर के रूप में भी निभा रहे बेहतरीन रोल – 

कैप्टन झा प्रतिदिन एक घण्टा 0130 से 0230 टेलीफोन के माध्यम से सकारात्मक सोच , ऊर्जा ,विचार लोगों के मन- मष्तिष्क में डालने की कोशिश करते है जिससे उनका मनोबल बढ़ता है और इस विषम परिस्थिति से लड़ने की ताकत भी । यह सकारात्मक पहल उत्साह वर्धक है और यह कार्य सराहनीय है ।

आत्मविश्वास व सकारात्मक ऊर्जा से ओत-प्रोत कौशल्या सेवा फाउंडेशन परिवार के सदस्यों ने भारत के कई राज्यों ,शहरों, कस्बों ,गाँव में जागरूकता अभियान के साथ – साथ ,मास्क ,साबुन,सेनिटाइजर और भोजन समाग्री का वितरण करा रहे हैं ।पशुओं के लिए भूसा का प्रबधंन कई स्थानों पर किया गया है..पक्षियों के दान- पानी के लिए भी देशवासियों से निवेदन किए है कि अपने छत , बालकनी में पानी भर कर रख दे ..!

कौशल्या सेवा फाउंडेशन के विश्व स्तरीय जनकल्याणकारी कार्य – 

 

आधुनिक आवश्यकताओं को देखते हुए यह लोक कल्याणकारी संस्था अनेकों सुन्दर कार्य कर रही है। जिसमें गरीब बच्चों की पढ़ाई, कॉपी, पुस्तक, स्टेशनरी, पोशाक आदि का वितरण । युवा- युवतियों के विचार और उनकी कौशल क्षमता से प्रेरित होकर युवा-युवतियों को हर क्षेत्र में आगे बढ़ने तथा उनका हौसला अफजाई करने में अपनी अग्रणी भूमिका से पूरे भारत की प्रतिष्ठित संस्था बन गयी है ।

रोजगार के सुअवसर प्रदान करने लिए भी समर्पित है यह कौशल्या फाऊंडेशन संस्था – 

स्वरोजगार आत्मनिर्भर बनाने के मशरूम उत्पादन, पशुपालन ,बकरी, मधुमक्खी, मछली पालन , सिलाई कटाई, अगरबत्ती ,पापड़ आदि का निःशुल्क प्रशिक्षण देती है ।ग्रामीण क्षेत्र की महिलाओं को इससे उनके जीवन में काफी बदलाव आया है और वे आत्मनिर्भर बनने में सहायक सिद्ध हुआ है । उनकी अपनी आमदनी होने लगी है जिससे उनका जीवन स्तर थोड़ा उच्च हुआ है। बस यही हमारी जीत है कि लोगों के जीवन स्तर में सुधार आये। अब इस संस्था ने जल्द ही कप्यूटर प्रशिक्षण की योजना की रूपरेखा बनाायी है जिसका क्रियान्वयन जल्द होने को है।

प्राणदायिनी दिन-रात आक्सीजन देने वाले व फलदार पौधों का पौधरोपण व संरक्षण तथा  आर्गेनिक खेती का विश्वस्तरीय अभियान भी रहा कामयाब – 

यह महान विचारों वाली संस्था, प्रकृति के संरक्षण तथा आम जनमानस में प्रकृति के प्रति लगाव बढ़ाने के लिए पेड़ पौधों का लगाना तथा इनकी आवश्यकता ,लगाने के लिए प्ररित करने का अभियान चलाते रहते हैं । मुख्य रूप से पीपल ,बरगद ,नीम और आम पौध का रोपण कर रही है। ऑर्गेनिक खेती ,कृषि उपकरणों आदि से किसान की मदद कर रही है। निःशुल्क स्वास्थ्य जांच शिविर व रक्तदान शिविर का आयोजन करती है । स्वस्थ रहने और स्वास्थ्य संबंधी जानकारी को शिविर आयोजित कर जागरूक करते रहती है ।

पशुओं की स्वास्थ्य जांच शिविर लगा कर इलाज व बेहत जानकारी 

पशुओं की स्वास्थ्य जांच शिविर लगा कर इलाज व
पशुपालकों को संबंधित जानकारी उपलब्ध कराती है ।नशामुक्त, जल संचय और संरक्षण,सौलर ऊर्जा का उपयोग आदि महत्त्वपूर्ण विषयों पर जागरूकता अभियान चला रही है ।

भ्रष्टाचार मुक्त भारत और विश्व शान्ति प्रचार 

भ्रष्टाचार मुक्त भारत और विश्व शान्ति के लिए मानव जीवन के उद्देश्य व मूल्यों को समझना , प्रकृति से प्रेम आदि विषयों पर सैमीनार आयोजित कर सतर्क बना रही है ।

बोरा मुक्ति विद्यालय अभियान 

       आज भी बच्चे विद्यालय में नीचे फर्श पर या जूट के बोरे पर बैठ कर शिक्षा ले रहे है कैप्टन झा ने यह संकल्प लिया है। बोरा मुक्ति विद्यालय का , उन्होंने एक विद्यालय गोद ले कर यह कार्य बतौर जानकारी 2020 में प्रारम्भ कर ऱखा है।

कौशल्या सेवा फाउंडेशन की इस विश्व कल्याणकारी संस्था को उनके सुनहरे भविष्य के लिए सच की दस्तक राष्ट्रीय मासिक पत्रिका वाराणसी उत्तर की तरफ़ से हार्दिक बधाई और शुभकामनाएं ।

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