मुरादाबाद : घायल डॉक्टर ने सुनाई आपबीती, ‘लोगों ने घेरकर मारा, शरीर से बहा खून

  • मुरादाबाद में मेडिकल टीम पर हमला, डॉक्टर एससी अग्रवाल हुए घायल
  • घायल डॉक्टर ने बताया, लोगों ने घेरकर मारा, बुजुर्ग ने आकर बचाई जान
  • मेडिकल टीम पर हमले का खुद मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने लिया संज्ञान
  • दोषियों पर एनएसए लगाने और नुकसान की भरपाई उन्हीं से करने के निर्देश

कोरोना वायरस (Corona Virus) का प्रकोप देश में तेजी से बढ़ रहा हैं वहीं दूसरी तरफ मेडिकल टीम औऱ पुलिसकर्मियों पर हमले के मामले कम नहीं हो रहे

मुरादाबाद में कोरोना मरे युवक के परिचितों को क्वारंटाइन करने गई थी टीम  : 

कोरोना वायरस के संक्रमण के सरताज अली  की मौत हो गई थी। मंगलार को डॉक्टर और स्वास्थ्य विभाग की टीम सरताज से जुड़े लोगों को क्वारंटाइन करने के लिए हाजी नेब वाली मस्जिद के पास गई थी। तभी एकाएक स्वास्थ्य विभाग की टीम और पुलिस वालों पर कुछ लोगों ने पथराव कर दिया। स्थानीय लोगों ने एम्बुलेंस और एसएचओ की गाड़ी पर तोड़फोड़ भी की। इस हमले में डॉक्टर समेत पांच लोग घायल हो गए जिन्हें इलाज के लिए जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया है। मुरादाबाद के एसएसपी पाठक ने कहा कि इस घटना में शामिल लोगों की पहचान की जा रही है। आरोपियो के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने कहा कि कुछ मेडिकल टीम के सदस्य चोटिल हुए हैं। यहां पर धारा-144, महामारी कानून और आपदा प्रबंधन कानून का उल्लंघन हुआ है। आरोपियों के खिलाफ राष्ट्रीय सुरक्षा कानून (एनएस) के तहत कार्रवाई होगी।

 

बिहार के औरंगाबाद जिले के गोह थाना के अकौनी गांव में दिल्ली से किसी व्यक्ति के आने की सूचना पर डॉक्टरों टीम पहुंची थी। टीम के पहुंचते ही कुछ लोगों ने हमला कर दिया। इस हमले में डॉक्टर, ड्राइवर एवं एक अन्य कर्मी को चोट लग गई। ग्रामीणों ने गाड़ियों में भी तोड़फोड़ की। घटना कि सूचना पर दलबल के साथ गांव पहुंचे एसडीपीओ और एसडीएम पर भी ग्रामीणों ने हमला बोल दिया। इस हमले में एसडीपीओ समेत पुलिस कर्मी भी घायल हो गए।  इससे पहले भी बिहार के मधुबनी, भागलपुर और कटिहार समेत राज्य के कई हिस्सों में डॉक्टरों या पुलिस टीम पर हमले की शिकायत हो चुकी है।

सीएम ने कहा-एनएसए के तहत होगी कार्रवाई

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के आज मुरादाबाद में हुई घटना का संज्ञान लेते हुए कहा कि मेडिकल टीम पर हमला एक अक्षम्य अपराध है। पुलिस कर्मियों, स्वास्थ्य कर्मियों एवं स्वच्छता अभियान से जुड़े कर्मियों पर हमला एक अक्षम्य अपराध है, जिसकी घोर निंदा की जाती है। ऐसे दोषी व्यक्तियों के खिलाफ आपदा नियंत्रण अधिनियम तथा राष्ट्रीय सुरक्षा अधिनियम (एनएसए) के तहत कार्यवाही की जाएगी। दोषी व्यक्तियों द्वारा की गई राजकीय सम्पत्ति के नुकसान की भरपाई उनसे सख्ती से की जाएगी। जिला पुलिस प्रशासन ऐसे उपद्रवी तत्वों को तत्काल चिन्हित करें और प्रत्येक नागरिक को सुरक्षा के साथ ही उपद्रवी तत्वों पर पूरी सख्ती भी करें। उन्होंने कहा कि स्वास्थ्य विभाग के डॉक्टर्स व कर्मी सभी सफाई अभियान से जुड़े अधिकारी, कर्मचारी तथा सुरक्षा में लगे सभी पुलिस अधिकारी व पुलिस के कर्मी इस आपदा की घड़ी में दिन रात सेवा कार्य में जुटे हैं। 

0 0 vote
Article Rating
Subscribe
Notify of
0 Comments
Inline Feedbacks
View all comments
0
Would love your thoughts, please comment.x
()
x